CBSE - MCQ Question Banks (के. मा. शि. बो . -प्रश्नमाला )

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Q. 165501 अर्बियम (Erbium) तत्व संबन्धित है


A. एक्टीनॉइड श्रेणी से

B. क्षार धातुओं से

C. लैन्थैनॉलड श्रेणी से

D. संक्रमण धातु श्रेणी से

Right Answer is: C

SOLUTION

अर्बियम (Erbium) का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास है — (68Er): [54 Xe] 4 f12 5d0 6s2


Q. 165502 आवर्त सारणी का न्यूनतम अभिक्रियाशील तत्व संबन्धित है


A. क्षार वर्ग से

B. क्षारीय वर्ग से

C. हैलोजेन वर्ग से

D. उत्कृष्ट गैसों के वर्ग से

Right Answer is: D

SOLUTION

उत्कृष्ट गैसों के कक्षक पूर्णपूरित होने के कारण स्थायी इलेक्ट्रॉनिक विन्यास दर्शाते हैं। अतः ये न्यूनतम अभिक्रियाशीलता प्रदर्शित करते हैं। 


Q. 165503 वह गुण जो आवर्त में बायीं से दायीं तरफ जाने पर सामान्यतः घटता है


A. परमाण्वीय आयतन

B. आयनन एंथैल्पी

C. ऋणात्मक इलेक्ट्रॉन लब्धि एंथैल्पी

D. परमाणु का आकार

Right Answer is: D

SOLUTION

आवर्त में बायीं से दायीं तरफ जाने पर नाभिकीय आवेश बढ़ता है और इसके कारण परमाणु का आकार छोटा होता जाता है, किंतु कोशों की संख्या समान रहती है।


Q. 165504 वह परमाणु चुनें जिसकी प्रकृति अनुचुंबकीय होती है


A. Ca

B. Be

C. N

D. Be

Right Answer is: C

SOLUTION

Ca = 1s2 2s2 2p6 3s2 3p6 4s2 
Zn = 1s2 2s2 2p6 3s2 3p6 3d10 4s2
N = 1s2 2s2 3p3
Be = 1s2 2s2 नाइट्रोजन में तीन अयुग्मित इलेक्ट्रॉन होते हैं, और इसके अलावा अन्य सभी दिए गए तत्वों में अयुग्मित इलेक्ट्रॉन नहीं होते है।


Q. 165505 चौथे आवर्त में p-ब्लॉक के तत्वों की संख्या होती है


A. 18

B. 10

C. 8

D. 6

Right Answer is: D

SOLUTION

चौथे आवर्त में p-ब्लॉक के छ: तत्व होते हैं। ये हैं: गैलियम, जर्मेनियम, आर्सेनिक, सेलेनियम, ब्रोमीन, क्रिप्टन।


Q. 165506 सर्वाधिक इलेक्ट्रॉन-बंधुता होगी


A. F  की

B. O की

C. O–- की

D. Na+ की

Right Answer is: B

SOLUTION

चूँकि O परमाणु का अष्टक अपूर्ण है, अतः वह इलेक्ट्रॉन आसानी से ग्रहण करता है। Na+ और  F  का अष्टक पूर्ण है, अतः वे अब इलेक्ट्रॉन ग्रहण नहीं कर सकते हैं। O में, इलेक्ट्रॉन अभ्र आने वाले इलेक्ट्रॉन को प्रतिकर्षित करता है।


Q. 165507 आवर्त सारणी के आवर्त में दायीं से बायीं तरफ जाने पर, धातुओं की विद्युत ऋणात्मकता


A. बढ़ती है।  

B. घटती है।

C. अपरिवर्तित रहती है।

D. पहले घटती है, फिर बढ़ती है।

Right Answer is: B

SOLUTION

आवर्त में बायीं से दायीं तरफ जाने पर आकार घटने और नाभिकीय आवेश बढ़ने के करण विद्युत ऋणात्मकता बढ़ती जाती है, विलोमतः दायीं से बायीं तरफ जाने पर विद्युत ऋणात्मकता घटेगी।


Q. 165508 फ्लुओरीन की इलेक्ट्रॉन-बंधुता क्लोरीन से कम होने का कारण है


A. छोटा आकार

B. कम नाभिकीय आवेश

C. दोनों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास में अंतर

D. फ्लुओरीन की उच्चतम अभिक्रियाशीलता  

Right Answer is: A

SOLUTION

चूँकि फ्लुओरीन (F) का आकार छोटा और इसका 2p-उपकोश का इलेक्ट्रॉन-इलेक्ट्रॉन प्रतिकर्षण अपेक्षाकृत सघन होता है, वो इसे एक और इलेक्ट्रॉन ग्रहण नहीं करने देता है। जबकि क्लोरीन (Cl) का आकार फ्लुओरीन (F) की तुलना में बड़ा होता है, जो इसे आसानी से एक और इलेक्ट्रॉन ग्रहण करने देता है।


Q. 165509 उच्चतम आयनन विभव प्रदर्शित करती हैं


A. क्षार धातुएँ  

B. संक्रमण तत्व

C. हैलोजेन  

D. अक्रिय गैसें

Right Answer is: D

SOLUTION

अक्रिय गैसें पूर्णपूरित और स्थायी इलेक्ट्रॉनिक विन्यास होने के कारण उच्चतम आयनन विभव प्रदर्शित करती हैं।


Q. 165510 उस तत्व का चुनाव करें जिसकी इलेक्ट्रॉन लब्धि एंथैल्पी का मान अधिकतम ऋणात्मक है ।


A. I

B. Br

C. F

D. Cl

Right Answer is: D

SOLUTION

क्लोरीन (Cl) की ऋणात्मक इलेक्ट्रॉन लब्धि एंथैल्पी अधिकतम होती है। जब कोई उदासीन गैसीय परमाणु (X) इलेक्ट्रॉन ग्रहण कर ऋणायन आयन में परिवर्तित होता है, तो प्रक्रम में हुये एंथैल्पी परिवर्तन को उस तत्व की इलेक्ट्रॉन लब्धि एंथैल्पी कहते हैं ।


Q. 165511 आंतरिक संक्रमण धातुओं की कुल संख्या है


A. 10

B. 14

C. 28 

D. 30

Right Answer is: C

SOLUTION

f-ब्लॉक के तत्वों को आंतरिक संक्रमण तत्व भी कहा जाता है क्योंकि वस्तुतः वे ही संक्रमण श्रेणी बनाते हैं। संक्रमण श्रेणी में, f-ब्लॉक के तत्वों की दो श्रेणी होती हैं, प्रत्येक में 14 तत्व होते हैं। ये f-कक्षक (4f-कक्षक या 5f) की संख्या के उत्तरोत्तर पूरित आधार पर वर्गीकृत किये गये हैं।


Q. 165512 निम्नलिखित धातुओं में से सबसे हल्की धातु को चुनें ।


A. Li.

B. Fe

C. Cu

D. Ag

Right Answer is: A

SOLUTION

Li सबसे हल्की धातु है। यह नरम और चाँदी जैसी सफेद धातु है जो एक क्षार धातु है। यह सभी क्षार धातुओं में सबसे अधिक अभिक्रियाशील होती है।


Q. 165513 निम्नतम गलनांक वाले तत्व का चुनाव करें।


A. Be

B. Mg

C. Ca

D. Sr     

Right Answer is: D

SOLUTION

वर्ग में नीचे जाने पर तत्वों का  गलनांक कम होता जाता है। अतः Sr का गलनांक निम्नतम है।


Q. 165514 जब बेरेलियम पर अल्फा कणों की बमबारी (चैडविक का प्रयोग) की जाती है, तो अत्यंत भेदनक्षमता वाली विकिरण, जो विद्युत या चुंबकीय क्षेत्र द्वारा विक्षेपित नहीं होती हैं, निकलती हैं, ये विकिरणें हैं:


A. प्रोटॉन पुंज

B. अल्फा किरणें

C. न्यूट्रॉन पुंज

D. न्यूट्रॉन पुंज और प्रोटॉन पुंज

Right Answer is: C

SOLUTION

चूँकि न्यूट्रॉन आवेशरहित कण होता है, इसलिए न्यूट्रॉनपुंज विद्युत या चुंबकीय क्षेत्र द्वारा विक्षेपित नहीं होता है।


Q. 165515 अधिकतम उर्जा वाला कक्षक है


A. 3d

B. 5p

C. 4s

D. 6d

Right Answer is: D

SOLUTION

n+l नियम के अनुसार, जिस कक्षक के n+l का मान अधिकतम होगा, उसकी ऊर्जा उच्च होगी। अतः 6d कक्षक के लिए n+l का मान 8 है इसलिए इसकी ऊर्जा अधिक होगी।


Q. 165516 हाइजेनबर्ग का अनिश्चितता सिद्धांत लागू होता है


A. केवल परमाणुओं पर

B. केवल इलेक्ट्रॉनों पर

C. केवल नाभिक पर

D. एक तीव्र गतिशील अवपरमाण्विक कण पर

Right Answer is: D

SOLUTION

हाइजेनबर्ग का अनिश्चितता सिद्धांत किसी भी गतिशील वस्तु पर लागू होता है।


Q. 165517 5f कक्षक में इलेक्ट्रॉन के लिए क्वांटम संख्या होती हैं


A. n = 5, l = 3, m = + 1, s = + ½

B. n = 5, l = 4, m = – 4, s = – ½

C. n = 4, l = 3, m = + 4, s = + ½

D. n = 3, l = 2, m = – 2, s = + ½

Right Answer is: A

SOLUTION

5f कक्षक के लिए n का मान 5 तथा l का मान 3 होता है। अतः 5f के लिए क्वान्टम संख्याओं के मान n = 5, l = 3, m = + 1, s = + ½ होंगे।


Q. 165518 n = 4 और l = 3, वाला कक्षक है


A. 4s

B. 4p

C. 4f

D. 4d

Right Answer is: C

SOLUTION

यह कक्षक 4f है। क्वांटम संख्याओं द्वारा परमाणु कक्षकों में अंतर किया जा सकता है। प्रत्येक कक्षक को तीन क्वांटम संख्याओं n, l और m द्वारा दर्शाया जाता है।


Q. 165519 क्वांटम संख्या बढ़ने से परमाणुओं के निकटतम ऊर्जा स्तरों के मध्य अंतर


A. घटता है।

B. बढ़ता है।

C. स्थिर रहता है।

D. कम Z होने पर घटता है और अधिक Z होने पर बढ़ता है।

Right Answer is: A

SOLUTION


Q. 165520 [Kr] 4d134f145s25p65d1 6s2 इलेक्ट्रॉनिक विन्यास वाला तत्व, किस ब्लाक से संबंधित है


A. s–ब्लॉक से

B. p–ब्लॉक से

C. d–ब्लॉक से

D. f–ब्लॉक से

Right Answer is: D

SOLUTION

दिया गया इलेक्ट्रॉनिक विन्यास f-ब्लॉक से संबंधित है, क्योंकि f-ब्लॉक के तत्वों का सामान्य इलेक्ट्रॉनिक विन्यास (n-2) f1-14 (n-1) d0-1ns2 होता है।


Q. 165521 प्लांक स्थिरांक का मान 6.63 × 10-34 Js है। प्रकाश का वेग 3.0 × 108 m s–1 है। 8 × 1015 s–1 की आवृत्ति वाले प्रकाश के क्वांटम के तरंगदैर्ध्य का नैनोमीटर में निकटतम मान होगा -


A. 5 × 10–18 nm

B. 4 × 101 nm

C. 3 × 107 nm

D. 2 × 10–25 nm

Right Answer is: B

SOLUTION


Q. 165522 दैनिक जीवन में उपयोग किए जाने वाले उदाहरण दीजिए जिनमें कैथोड किरण नलिका का उपयोग किया जाता है।
Right Answer is:

SOLUTION

(1) प्रतिदीप्त प्रकाश नलिका में

(2) टेलीवीजन चित्र नलिका में


Q. 165523 S.I. मात्रक में प्लांक स्थिरांक का मान क्या होता है?
Right Answer is:

SOLUTION

6.62 x 10-34 Js


Q. 165524 जब कोई हॉकी खिलाड़ी हॉकी स्टिक से गेंद पर प्रहार करता है, तो यह तरंग नहीं बनाती है। क्यों?
Right Answer is:

SOLUTION

गेंद का द्रव्यमान अधिक है। अतः, तरंगदैर्ध्य (λ) नगण्य है।

λ ∝ (1 / m)


Q. 165525 निम्नलिखित में से कौनसी स्पीशीज सम आयनिक हैं? Na+, O2-, F-, Ca2+, K+
Right Answer is:

SOLUTION

सम-आयनिक स्पीशीज में इलेक्ट्रॉनों की संख्या समान होती है।


Q. 165526 निम्नलिखित में से कौन से कक्षक संभव नहीं हैं — 2d, 4f, 6d, 3g
Right Answer is:

SOLUTION

2d संभव नहीं है क्योंकि d उपकोश के लिए l = 2 और n = 2 होता है। l का मान केवल 1 और 0 हो सकता है। अतः 2d के लिए l = 2 संभव नहीं है, अतएव यह कक्षक भी संभव नहीं है।

4f संभव है क्योंकि f, के लिए जब n = 4 होता है, तो l = 3 संभव है।

6d संभव है क्योंकि d के लिए, l = 2, n = 6 संभव है।

3g संभव नहीं है क्योंकि g उपकोश के लिए, l = 4 होता है, जबकि n = 3 है, जो कि संभव नहीं है।


Q. 165527 निम्नलिखित क्वांटम संख्याओं के समूह द्वारा दर्शाया गए कक्षकों में समानता और अंतर बताइये-
Right Answer is:

SOLUTION

दोनों कक्षकों की ऊर्जा समान हैं और ये समान ऊर्जा स्तर और समान उपकोश से संबंध रखते हैं क्योंकि इनके n और l के मान समान हैं। इनके अभिविन्यास अलग-अलग हैं क्योंकि इनके लिए m के मान भिन्न-भिन्न हैं। चुंबकीय क्षेत्र की उपस्थिति में इनकी ऊर्जा भिन्न-भिन्न होती हैं।


Q. 165528 जब हाइड्रोजन परमाणु में एक इलेक्ट्रॉन अनंत से स्थायी स्तर 1 में आता है, तो उसके द्वारा उत्सर्जित विकिरण का तरंगदैर्ध्य ज्ञात कीजिए। (RH = 1.09 X107 m-1)
Right Answer is:

SOLUTION


Q. 165529 नाइट्रोजन के उदाहरण की सहायता से हुंड के नियम की व्याख्या कीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION

हुंड के नियम के अनुसार, किसी भी उपकोश में इलेक्ट्रॉनों का युग्मन तभी हो सकता है, जब प्रत्येक कक्षक में समानांतर चक्रण वाले एक-एक इलेक्ट्रॉन उपस्थित हों। उदाहरण के लिए, नाइट्रोजन की परमाणु संख्या 7 है और इसका इलेक्ट्रॉनिक विन्यास 1s2, 2s2, 2p3 है। तो नाइट्रोजन के कक्षकों को निम्नलिखित रूप से दर्शाया जाता है –


Q. 165530 निम्नलिखित परमाणुओं / आयनों के इलेक्ट्रॉनिक विन्यास लिखिए - F, Cr, Mg2+, O, Ca (इनकी परमाणु संख्या हैं - F = 9, Cr = 24, Mg = 12, O = 8, Ca = 20)
Right Answer is:

SOLUTION

F - 1s2 2s2 2p6

Cr 1s2 2s2 2p6 3s2 3p6 4s1 3d5

Mg2+ 1s2 2s2 2p6

O- 1s2 2s2 2p5

Ca 1s2 2s2 2p6 3s2 3p6 4s2


Q. 165531 बोर के परमाणु मॉडल की कमियों का उल्लेख करें।
Right Answer is:

SOLUTION

बोर का सिद्धांत निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर नहीं दे पाया था-

(i) बोर का मॉडल एक से अधिक इलेक्ट्रॉन वाले परमाणुओं के स्पेक्ट्रम को समझाने में विफल रहा था।

(ii) यह जीमन प्रभाव (चुंबकीय क्षेत्र में स्पेक्ट्रमी रेखाओं का विपाटन) और स्टार्क प्रभाव (विद्युत् क्षेत्र में स्पेक्ट्रमी रेखाओं का विपाटन) की व्याख्या नहीं कर सका था।

(iii) बोर का मॉडल इलेक्ट्रॉन की द्वैत व्यवहार (कण और तरंग) की व्याख्या नहीं कर पाया था।

(iv) बोर का सिद्धांत हाइजेनबर्ग के अनिश्चितता सिद्धांत को स्पष्ट नहीं कर पाया था, जो बताता है कि किसी इलेक्ट्रॉन की सही स्थिति और वेग का निर्धारण एक साथ करना संभव नहीं है। अतः बोर का वह अभिगृहीत जिसके अनुसार इलेक्ट्रॉन नाभिक के चारों ओर एक निश्चित कक्षा में घूमता है, असत्य हो गया।

(v) बोर का मॉडल ज्यामिति और अणुओं के आकार की व्याख्या नहीं कर सका।


Q. 165532 वर्ग दो का सर्वाधिक अभिक्रियाशील तत्व है


A. Mg

B. Ca

C. Sr

D. Ba

Right Answer is: D

SOLUTION

तत्वों की अभिक्रियाशीलता वर्ग में नीचे जाने पर बढ़ती है।


Q. 165533 आवर्त सारणी के तीसरे आवर्त में पाया जाने वाला प्रबलतम अपचायक है


A. Na

B. Mg

C. Al

D. Cl

Right Answer is: A

SOLUTION

निम्नतम आयनन ऊर्जा वाला तत्व प्रबलतम अपचायक होता है। चूँकि, आवर्त में बाईं से दाईं तरफ जाने पर आयनन ऊर्जा बढ़ती जाती है, Na की IE निम्नतम होती है, अतः  यह एक प्रबलतम अपचायक होता है।


Q. 165534 आबंध कोण न्यूनतम होता है


A. SF6 में

B. BeF2 में

C. BF3 में

D. CH4 में

Right Answer is: A

SOLUTION

आबंध कोण अणु के संकरण के प्रकार पर निर्भर करता है। SF6 में सल्फर sp3>d2 संकरित होता है और इसकी आकृति अष्टफलकीय होती है, अतः इसके आबंध कोण 90° होते हैं। BeF2 और BF3 में आबंध कोण क्रमशः180° और 120° होते हैं।


Q. 165535 उस यौगिक की पहचान कीजिए जिसमें सभी परमाणु समतलीय होते हैं।


A. NH3

B. CH4

C. BF3

D. PCl5

Right Answer is: C

SOLUTION

BF3 में, बोरॉन sp2 संकरित होता है। sp2 संकरित कक्षकों की आकृति त्रिकोणीय समतल होती है। अतः, BF3 में सभी परमाणु एक ही तल में होते हैं।


Q. 165536 बंकित (मुड़ी हुई) संरचना वाला अणु हैं


A. BeH2

B. H2S

C. CO2

D. C2H2

Right Answer is: B

SOLUTION

BeH2, CO2 और C2H2 में केंद्रीय परमाणु sp संकरित हैं और दो अन्य परमाणुओं से जुड़ा हुआ है। अतः, इन अणुओं की संरचना रैखिक होती है। H2S में केंद्रीय परमाणु सल्फर, sp3 संकरित होता है अतः इसकी आकृति चतुष्फलकीय होती है, इस आकृति में सल्फर परमाणु पर दो स्थान दो एकाकी युग्म द्वारा अधिग्रहित होते हैं। अतः इसकी संरचना बंकित (मुड़ी हुई) होती है।


Q. 165537 अणु की आकृति निर्भर करती है


A. उपसहसंयोजन पर

B. संयोजकता कोश में इलेक्ट्रॉन युग्मों की संख्या पर

C. आयनन विभव पर

D. विद्युत ऋणात्मकता पर

Right Answer is: B

SOLUTION

अणु की आकृति, केंद्रीय परमाणु के संयोजकता कोश इलेक्ट्रॉन युग्मों (बंधी अथवा आबंधी) की संख्या पर निर्भर करती है। ये VSEPR सिद्धांत की मूलभूत धारणा है।


Q. 165538 अनुचुंबकीय अणु का चयन करें।


A. CO2

B. SO2

C. NO

D. H2O

Right Answer is: C

SOLUTION

NO अणु के π*(2px) कक्षक में एक अयुग्मित इलेक्ट्रॉन होता है, अतः यह अनुचुंबकीय प्रकृति का होता है।


Q. 165539 , नाइट्रोजन परमाणु के पास एकाकी युग्म और आबंधी युग्म इलेक्ट्रॉनों की संख्या क्रमशः होती हैं


A. 2, 2

B. 3, 1

C. 1, 3

D. 4, 0

Right Answer is: D

SOLUTION


में 4 आबंधी युग्म होते हैं और  इसमें एकाकी युग्म नहीं होता है।


Q. 165540 जल के एक अणु में हाइड्रोजन आबंध से जुड़े जल अणुओं की अधिकतम संख्या होती है


A. 2

B. 4

C. 6

D. 8

Right Answer is: B

SOLUTION

जल के अणुओं में भी हाइड्रोजन आबंध होते हैं। जल के अणु में ऑक्सीजन दो सहसंयोजक आबंधों (O–H) के अतिरिक्त दो हाइड्रोजन आबंध भी बनाता है। हाइड्रोजन आबंध होने के कारण, प्रत्येक ऑक्सीजन परमाणु चार हाइड्रोजन परमाणुओं से चतुष्फलकीय रूप से घिरा होता है, दो सहसंयोजक आबंध से आबंधित और दो हाइड्रोजन आबंध से आबंधित। संयोजित जल के अणु को (H2O)n के रूप में व्यक्त किया जा सकता है। अतः एक जल अणु हाइड्रोजन आबंध द्वारा जल के चार अन्य अणुओं से जुड़ा होता है।


Q. 165541 C6H6 के अणुओं के मध्य किस प्रकार के बल पाये जाते हैं?


A. द्विध्रुव-द्विध्रुव अन्योन्यक्रिया

B. प्रकीर्णन बल

C. हाइड्रोजन आबंध

D. वांडरवाल्स बल

Right Answer is: B

SOLUTION

बेंज़ीन एक अध्रुवीय अणु है तथा अध्रुवीय अणुओं के मध्य प्रकीर्णन बल होता है।


Q. 165542 बेंज़ीन में कितने सिग्मा और पाई आबंध होते हैं:


A. क्रमशः 6 और 3

B. क्रमशः 12 और 6

C. क्रमशः 6 और 6

D. क्रमशः 12 और 3

Right Answer is: D

SOLUTION

बेंज़ीन की संरचना निम्न होती है:

अतः इसमें 12 सिग्मा और 3 पाई आबन्ध होते हैं।
 


Q. 165543 P4O10 में सिग्मा और पाई आबंधों की कुल संख्या है:


A. क्रमशः 6 और 8

B. क्रमशः 7 और 4

C. क्रमशः 17 और 4

D. क्रमशः 16 और 4

Right Answer is: D

SOLUTION

किन्हीं भी दो परमाणु के मध्य हमेशा पहला आबन्ध सिग्मा आबंध और अन्य सभी आबन्ध पाई आबंध होते हैं। इसलिए, P4O10 में सिग्मा आबंधों की संख्या 16 है और पाई आबंधों की संख्या 4 है। P4O10 की संरचना निम्न होती है।

 


Q. 165544 कक्षकों के उस युग्म की पहचान कीजिए जो x-अक्ष के अंतर्नाभिकीय अक्ष होने पर सिग्मा आबंध नहीं बनाता है:


A. 1s और 2s

B. 2s और 2s

C. 1s और 2px

D. 2py और 2pz

Right Answer is: D

SOLUTION

सिग्मा आबंध हमेशा अंतर्नाभिकीय अक्ष पर बनता है। चूँकि x-अक्ष अंतर्नाभिकीय अक्ष है, अत: 2py और 2pz कक्षक सिग्मा आबंध नहीं बनायेंगे।


Q. 165545 अणु/अणुओं की पहचान कीजिए जिनकी सही आकृति नहीं लिखी गयी है ।


A. (क) और (ख)

B. (क), (ख) और (ग)

C. केवल (ङ)

D. केवल (ग)

Right Answer is: C

SOLUTION


Q. 165546 मेथेनॉल और एथेनॉल के जल में मिश्रणीय होने का कारण है


A. सहसंयोजक गुण

B. हाइड्रोजन आबंधन

C. ऑक्सीजन आबंधन

D. द्विध्रुव अन्योन्यक्रिया

Right Answer is: B

SOLUTION

कोई पदार्थ जल में तब विलेय होता, जब वह जल के अणुओं के साथ हाइड्रोजन आबंध बना सकता है। मेथेनॉल और एथेनॉल जल के साथ हाइड्रोजन आबन्ध बना सकते हैं, अतः ये जल में घुलनशील होते हैं।

(यहाँ मेथेनॉल और ऐथेनॉल के लिए R क्रमशः CH3 और C2H5 हैं।)
 


Q. 165547 CCl4 अणु का कुल द्विध्रुव आघूर्ण होता है-


A. अनंत

B. 2.4 D

C. 1.2 D

D. शून्य

Right Answer is: D

SOLUTION

द्विध्रुव आघूर्ण एक सदिश राशि है। चूँकि CCl4 एक सममित अणु है, अतः इसका कुल द्विध्रुव आघूर्ण शून्य होता है।


Q. 165548 SF6 में S में किस प्रकार का संकरण होता है?
Right Answer is:

SOLUTION

sp3d2


Q. 165549 आबंध निर्माण में भाग लेने वाले इलेक्ट्रॉनों का नाम बताइये।
Right Answer is:

SOLUTION

संयोजकता इलेक्ट्रॉन आबन्ध निर्माण में भाग लेते हैं। ये परमाणु के बाह्यतम कोश में उपस्थित होते हैं।


Q. 165550 सहसंयोजक आबंध के निर्माण के लिए किस प्रकार के कक्षक अतिव्यापन कर सकते हैं?
Right Answer is:

SOLUTION

सहसंयोजक आबंध बनाने के लिए विपरीत प्रचकरण इलेक्ट्रॉनों वाले अर्ध-पूरित परमाणु कक्षक अतिव्यापन कर सकते हैं।


Q. 165551 तथा की आबंध कोटि ज्ञात कीजिए तथा इन स्पीशीज को आबंध लंबाई के घटते क्रम को व्यवस्थित कीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION


Q. 165552 अष्टक नियम को परिभाषित कीजिए। ऐसे दो यौगिकों के उदाहरण दीजिए, जो अष्टक नियम का पालन नहीं करते हैं।
Right Answer is:

SOLUTION

अष्टक नियम- प्रत्येक परमाणु अपने संयोजकता कोश में आठ इलेक्ट्रॉन करने के लिए इलेक्ट्रॉन ग्रहण, मुक्त अथवा सहभाजित करने की प्रवृति रखता है।
PCl5 (P के संयोजकता कोश में 10e) तथा BF3 (B के संयोजकता कोश में 6e) इस प्रकार के दो यौगिक हैं, जो अष्टक नियम का पालन नहीं करते हैं।


Q. 165553 आबंध लंबाई तथा आबंध कोण की परिभाषा दीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION

किसी अणु में दो आबंधित परमाणुओं के नाभिकों के बीच साम्य दूरी आबंध लंबाई कहलाती है।
किसी अणु के केंद्रीय परमाणु के चारों ओर उपस्थित आबंध इलेक्ट्रॉन युग्म युक्त कक्षकों के बीच बनने वाले कोण को आबंध कोण कहते हैं।


Q. 165554 लुइस अम्ल एवं क्षारक की परिभाषा दीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION

लुइस के अनुसार, अम्ल वह स्पीशीज़ है, जो इलेक्ट्रॉन युग्म को ग्रहण करती है और क्षारक वह स्पीशीज़ है, जो इलेक्ट्रॉन युग्म को दान करती है।


Q. 165555 रासायनिक साम्यावस्था क्या होती है?
Right Answer is:

SOLUTION

रासायनिक अभिक्रिया में, जब अग्र अभिक्रिया की दर प्रतीप अभिक्रिया की दर के बराबर हो जाती है, तो अभिक्रिया एक प्रकार की साम्यावस्था प्राप्त करती है, इस प्रकार की साम्यावस्था को रासायनिक साम्यावस्था कहते हैं।


Q. 165556 ऐसीटिक अम्ल के pKa तथा अमोनियम हाइड्रोक्साइड के pKb क्रमशः 4.82 तथा 4.72 है। अमोनियम ऐसीटेट विलयन के pH की गणना कीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION

pH = 7 + [pKa–pKb]/2

        = 7 + [4.82-4.72]/2

        = 7 + 0.005

        = 7.005


Q. 165557 ओस्टवाल्ड तनुता नियम लिखिए।
Right Answer is:

SOLUTION

दुर्बल विद्युत्अपघट्य की आयनन मात्रा उसकी सांद्रता के व्युत्क्रमानुपाती होती है। एकल क्षारीय अम्ल के लिए, 

Ka  अम्ल वियोजन स्थिरांक है, c सांद्रता है, α वियोजन की मात्रा है।
इसे ओस्टवाल्ड तनुता नियम कहा जाता है।


Q. 165558 सम आयन प्रभाव क्या होता है?
Right Answer is:

SOLUTION

समान आयन रखने वाले प्रबल विद्युत अपघट्य की उपस्थिति में दुर्बल विद्युत अपघट्य का वियोजन कम हो जाता है, यह प्रभाव समआयन प्रभाव कहलाता है।
यह परिघटना पूर्ण रूप से ला-शातेलिये सिद्धांत पर आधारित है।


Q. 165559 हाइड्रोक्लोरिक अम्ल के नमूने में हाइड्रोजन आयन की सांद्रता 0.0038 M है। इसका pH क्या होगा?
Right Answer is:

SOLUTION

pH = -log[H+ ]

pH = -log (0.0038)

pH  = -log (3.8) -3

 pH  = - (0.58 -3.0)

       =   2.42

क्योंकि हाइड्रोक्लोरिक अम्ल का पीएच मान 2.42 है ,अतः यह विलयन अम्लीय है।


Q. 165560 साम्यावस्था पर ताप, दाब तथा सांद्रता का क्या प्रभाव होता है?
Right Answer is:

SOLUTION

ताप का प्रभाव: ताप बढ़ने पर साम्यावस्था स्थिरांक ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया में बाईं ओर तथा ऊष्माशोषी अभिक्रिया में दाई ओर स्थापित हो जाता है
दाब का प्रभाव: दाब परिवर्तन का प्रभाव केवल गैसों में देखा जा सकता है। जब दाब बढ़ता है तो अभिक्रिया उस दिशा में होती है, जहाँ गैस के मोलों की संख्या कम होती है।
सांद्रता का प्रभाव: जब एक अभिक्रिया में साम्यावस्था में अभिकारक या उत्पादों की सांद्रता में परिवर्तन होता है, तो साम्यावस्था मिश्रण के संघटन में इस प्रकार परिवर्तन होता है कि सांद्रता में परिवर्तन का प्रभाव कम हो जाए।


Q. 165561 अम्लों तथा क्षारकों के ब्रान्सटेड-लॉरी सिद्धांत की परिभाषा दीजिए। अमोनिया तथा जल की घुलनशीलता में ब्रान्सटेड अम्ल तथा क्षारक का नाम दीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION

अम्ल एवं क्षारक के  ब्रान्सटेड-लॉरी सिद्धांत के अनुसार, अम्ल प्रोटॉन दाता तथा क्षारक प्रोटॉन ग्राही हैं।
जल में अमोनिया की घुलनशीलता में, जल अणु प्रोटॉन दाता के रूप में कार्य करता है तथा अमोनिया अणु प्रोटॉन ग्राही के रूप में कार्य करता है। इसलिए जल, अम्ल तथा अमोनिया क्षारक है।


Q. 165562 (क) निम्नलिखित अभिक्रिया के लिए Kp तथा Kc के बीच संबंध प्रदर्शित करने वाले व्यंजक को लिखिए।

(ख) एक उदाहरण देते हुए संयुग्मी अम्ल-क्षारक युग्म को परिभाषित कीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION

() Kp = Kc(RT)Δn

Δ n = np – nr
= 2– 3

= –1

इस प्रकार, Kp = Kc(RT)–1

() अम्ल तथा क्षार के युग्म, जो केवल एक एच प्लस आयन के कारण एक दूसरे से भिन्न हैं, संयुग्मी अम्ल-क्षारक युग्म कहलाते हैं।

उदाहरण:- HCl + H2O, H3O+ + Cl-

∴ Cl- , HCl का संयुग्मी क्षारक है 


Q. 165563 ब्रह्मांड में अतिबाहुल्य तत्व है


A. कार्बन

B. हाइड्रोजन

C. नाइट्रोजन

D. सिलिकॉन

Right Answer is: B

SOLUTION

हाइड्रोजन ब्रह्मांड में अतिबाहुल्य तत्व (ब्रह्मांड के संपूर्ण द्रव्यमान का 70 प्रतिशत) है|


Q. 165564 हाइड्रोजन परॉक्साइड एथीन के साथ अभिक्रिया करके


A. थेन

B. थेनॉल

C. ऐथेनल

D. एथिलीन ग्लाइकॉल

Right Answer is: D

SOLUTION

हाइड्रोजन परॉक्साइड एल्केनों से अभिक्रिया करके ग्लाइकॉल बनाता है|


Q. 165565 वनस्पति तेलों का वसा में रूपांतरण करने की प्रक्रिया में प्रयुक्त गैस है


A. ऑक्सीजन

B. नाइट्रोजन

C. हाइड्रोजन

D. हिलीयम

Right Answer is: C

SOLUTION

वनस्पति तेलों 473K ताप पर सूक्ष्म चूर्णित निकैल की उपस्थिति में डायहाइड्रोजन प्रवाहित करने पर, ठोस वसा में परिवर्तित हो जाते है|


Q. 165566 जल की अस्थायी कठोरता कैल्शियम बाइकार्बोनेट के कारण होती है और इसको हटाया जा सकता है


A. CaCO3 मिलाकर

B. Ca(OH)2 मिलाकर

C. CaSO4 मिलाकर

D. H2SO4 मिलाकर

Right Answer is: B

SOLUTION

कठोर जल में जब बुझे चूने की परिकलित मात्रा को मिलाया जाता है तो यह जल में उपस्थित कैल्सियम कार्बोनेट और मैग्नीशियम कार्बोनेट को अवक्षेपित कर देता है, जिसे छानकर अलग कर लिया जाता है।


Q. 165567 लेड पेंटिंग के रंग कुछ वर्षों के बाद काले हो जाते हैं। उसके रंग को पहले जैसा करने के लिए किससे भीगे कपड़े से पोंछना चाहिए।


A. H2S

B. H2O

C. H2O2

D. एथेनॉल

Right Answer is: C

SOLUTION

लेड पेंटिंग, लेड सल्फाइड के बनने के कारण काला हो जाती हैं। हाइड्रोजन परॉक्साइड अम्लीय और क्षारीय माध्यम में एक प्रबल ऑक्सीकारक है। अम्लीय माध्यम में यह लेड सल्फाइड को सफ़ेद रंग के लेड सल्फेट में ऑक्सीकृत कर देता और पेंटिंग का रंग पहले जैसा हो जाता है।


Q. 165568 निम्न में से किस को मिलाकर स्थायी कठोरता को दूर किया जा सकता है


A. Cl2

B. Na2CO3

C. Ca(OCl)Cl

D. KOH

Right Answer is: B

SOLUTION

धावन सोडा (सोडियम कार्बोनेट) को जल में मिलाने पर, यह कैल्शियम और मैग्नीशियम के क्लोराइड और सल्फेट को उनके कार्बोनेट में परिवर्तित कर देता है।  


Q. 165569 कठोर जल का हिमांक है


A. 4°C

B. 3.82°C

C. - 3.82°C

D. - 4°C

Right Answer is: B

SOLUTION

भारी जल का उपयोग विस्तृत रूप से नाभिकीय रिएक्टरों में मंदक के रूप में तथा विनिमय अभिक्रियाओं की क्रियाविधियों के अध्ययन में किया जाता है।


Q. 165570 Fe2O3 और Cr2O3 की उपस्थिति में 500°C ताप पर वाष्प और वाटर गैस को मिश्रित करके हाइड्रोजन का निर्माण किया जा सकता है। यह प्रक्रम कहलाता है


A. कॉप प्रक्रम

B. सर्पेक प्रक्रम

C. बॉश प्रक्रम

D. पार्क प्रक्रम

Right Answer is: C

SOLUTION


Q. 165571 H2O2 की संरचना है


A. रैखिक

B. समतलीय

C. असमतलीय

D. गोलाकार

Right Answer is: C

SOLUTION

हाइड्रोजन परॉक्साइड में H के दो परमाणु दो दिशाओं में एक दूसरे के लगभग लंबवत और दो ऑक्सीजन परमाणुओं के साथ अक्षरेखा के साथ व्यवस्थित होते हैं| अतः यह एक असमतलीय संरचना है।    


Q. 165572 वह धातु चुनें जो वाष्प से अभिक्रिया करके हाइड्रोजन निर्मुक्त करती हैं, परंतु ठंडे जल से अभिक्रिया नहीं करती है


A. Ca

B. Fe

C. Pt

D. Na

Right Answer is: B

SOLUTION

लोहे (iron)जैसी कम अभिक्रियाशील धातु ठंडे जल से अभिक्रिया नहीं करती है, परंतु वाष्प के साथ अभिक्रिया करके हाइड्रोजन निर्मुक्त करती है।


Q. 165573 H2O2 की विरंजक क्रिया का कारण है


A. ऑक्सीकरण

B. अपचयन

C. निर्जलीकरण

D. जलयोजन

Right Answer is: A

SOLUTION

हाइड्रोजन परॉक्साइड नवजात ऑक्सीजन बनाता है; अत:, यह ऑक्सीकरण के कारण विरंजन करता है।


Q. 165574 भारत का पहला प्राणी उपवन या चिड़ियाघर कहाँ स्थित है?


A. जम्मू

B. लखनऊ

C. कोलकाता

D. मैसूर

Right Answer is: C

SOLUTION

भारत का पहला प्राणी उपवन या चिड़ियाघर कोलकाता में स्थित है। यह कोलकाता इंडियन संग्रहालय एशियाई सोसाइटी बिल्डिंग में 1814 में स्थापित हुआ था। इसकी स्थापना डेनमार्क के वनस्पतिविद डॉ. नथनील वालिच ने की थी। यह दुनिया में स्थापित सबसे शुरुआती प्राणी उपवनों में से एक है और देश में सबसे बड़ा माना जाता है।


Q. 165575 बंदर लंगूर मृग लायन

एक संकटग्रस्त प्रजाति का उदाहरण है<div class= Right Answer is: D

SOLUTION

लायन टेल मकाउ सबसे दुर्लभ और संकटग्रस्त प्रजातियों में से एक है। आईयूसीएन के अनुमानों के अनुसार, इन जानवरों में से केवल 2,500 दक्षिण पश्चिम भारत के कई क्षेत्रों में पाये जाते हैं। उनके निवास के विनाश से उनकी आबादी में भारी कमी आई है। कई चिड़ियाघर प्रजनन कार्यक्रमों में भाग लेते हैं जो इस प्रजाति के अस्तित्व को सुरक्षित रखने में मदद करते हैं।


Q. 165576 जंगली जीवों के नष्ट होने का मुख्य रूप से क्या कारण है?


A. उचित देखभाल का आह्वान।

B. बड़े पैमाने पर शिकार।

C. प्राकृतिक आवासों का विनाश।

D. प्राकृतिक आपदाएं।

Right Answer is: C

SOLUTION

प्राकृतिक आवासों का विनाश वन्य जीवन के विनाश का मुख्य कारण है। वनों की कटाई और औद्योगिकीकरण के मनुष्य के लालची रवैये के कारण प्राकृतिक आवास नष्ट हो गए हैं। जनसंख्या विस्फोट जंगली जीवों के प्राकृतिक आवास के विनाश के कारणों में से एक है।


Q. 165577 द्विपद नामकरण के संस्थापक कौन हैं ?


A. लिनिअस

B. मेंडेल

C. डार्विन

D. लैमार्क

Right Answer is: A

SOLUTION

किसी जीव का दो घटकों में नामकरण करने की मानक पद्धति द्विपद नाम पद्धति कहलाती है। प्रत्येक वैज्ञानिक नाम में दो घटक होते हैं: वंश नाम और जाति नाम। कैरोलस लीनियस ने वर्ष 1735 में अपनी पुस्तक “सिस्टेमा नेचर” में द्विपद नाम पद्धति प्रस्तुत की थी।


Q. 165578 "सिस्टेमा नेचर " पुस्तक किसके द्वारा लिखी गई है?


A. बेंटहम और हूकर।

B. जॉन रे

C. लैमार्क।

D. लिनिअस।

Right Answer is: D

SOLUTION

कैरोलस लीनियस ने वर्ष 1735 में अपनी पुस्तक “सिस्टेमा नेचर” में द्विपद नाम पद्धति प्रस्तुत की थी।


Q. 165579 एक _____________ मार्गदर्शन नामक कथनों की एक शृंखला का प्रयोग करते हुए वस्तुओं के बीच समानताओं और असमानताओं को देखा जाता है।


A. हरबेरियम

B. वनस्पति उद्यान

C. संग्रहालय

D. वर्गिकीय कुंजी

Right Answer is: D

SOLUTION

प्रत्येक मार्गदर्शन में विपर्यासी लक्षणों का एक समुच्चय होता है। इस प्रकार के विपर्यासी लक्षणों का प्रत्येक जोड़ा युग्मित कहलाता है। दोनों कथनों में से एक को मान्यता और दूसरे को अमान्यता प्रदान की जाती है। भिन्न-भिन्न टैक्सा के लिए पृथक कुंजियों की आवश्यकता होती है।


Q. 165580 आम किस संघ से संबंधित है?


A. आर्थ्रोपो

B. रज्जुकी

C. आवृतबीजी

D. अनावृतबीजी

Right Answer is: C

SOLUTION

आम (मेंगिफेरा इंडिका) आवृतबीजी संघ से संबंधित है। इन पौधों में पुष्प व् बीज उत्पन्न होते हैं|


Q. 165581 जीवों का वर्गीकरण करने के सिद्धांतों का निर्माण किसके अंतर्गत किया जाता है।


A. पारिस्थितिकीय

B. संकरण

C. वर्गिकी

D. जतिवृत

Right Answer is: C

SOLUTION

जीवों का वर्गीकरण करने के सिद्धांतों का निर्माण वर्गिकी के अंतर्गत किया जाता है। वर्गिकी जीवों की पहचान, वर्गीकरण और नाम पद्धति निर्धारित करने का अध्ययन है।


Q. 165582 चावल मक्का गेहूं

ट्रिटिकम एस्टीवम  का वैज्ञानिक नाम है<div class= Right Answer is: C

SOLUTION

ट्रिटिकम एस्थिवम गेहूं का वैज्ञानिक नाम है। जिसमें ट्रिटिकम  वंश है और एस्टीवम  जाति है।


Q. 165583 सार्थक ने स्कूल के एक संग्रहालय में, कुछ नमूनो को ग्लास जार में तरल पदार्थ में देखा
Right Answer is: B

SOLUTION

फॉर्मलिन, जो जल में फॉर्मल्डेहाइड का 40% विलयन है, का प्रयोग संग्रहालयों या प्रयोगशालाओं में अध्ययन के लिए जीवों को संरक्षित करने के लिए किया जाता है।


Q. 165584 मेंढक का वैज्ञानिक नाम राणा टिग्रीना है, इसमें टिग्रीना किसका प्रतिनिधित्व करता है?


A. जाति

B. वंश

C. कुल

D. वर्ग

Right Answer is: A

SOLUTION

मेंढक का वैज्ञानिक नाम राणा टिग्रीना है, इस नाम में, टिग्रीना जाति का प्रतिनिधित्व करता है।


Q. 165585 मुझे हिमालय की तलहटी में एक दुर्लभ फर्न मिला। मुझे इसे किसमे संरक्षित करना चाहिए?


A. वनस्पति संग्रहालय

B. डिब्बा

C. एल्बम

D. पैकेट

Right Answer is: A

SOLUTION

सभी पौधों को वनस्पति संग्रहालय में संरक्षित करना चाहिए| इसमें शुद्ध और अनुप्रयुक्‍त दोनों प्रकार के अध्ययनों के लिए जीवित पौधों का संग्रह होता है। प्रत्येक पौधे पर इसके वैज्ञानिक नाम और कुल को प्रदर्शित करने वाला लेबल लगा हुआ होता है।


Q. 165586 संग्रहालय वह स्थान है जहाँ ______________.


A. जीव और वनस्पति को अपने प्राकृतिक वास में रखा जाता है

Right Answer is: D

SOLUTION

संग्रहालय के शैक्षणिक और मनोरंजनात्मक- दोनों प्रकार के उद्देश्य होते हैं। इसकी स्थापना सामान्यतः शैक्षणिक संस्थानों में प्रत्यक्ष ज्ञान प्रदान करने के लिए की जाती है। इसमें पौधों और प्राणियों के परिरक्षित नमूनों का संग्रह होता है।


Q. 165587 आम का वैज्ञानिक नाम क्या है?
Right Answer is:

SOLUTION

आम का वैज्ञानिक नाम मेंगिफेरा इंडिका है|


Q. 165588 जैव विविधता क्या है?
Right Answer is:

SOLUTION

जैविक विविधता पृथ्वी पर उपस्थित जीवन के सभी तरह के रूपों को संदर्भित करती है।


Q. 165589 जीवित जीवों के किन्हीं चार विशिष्ट अभिलक्षणों के नाम लिखो
Right Answer is:

SOLUTION

जीवों के चार विशिष्ट अभिलक्षण इस प्रकार हैं:

  • वृद्धि
  • जनन
  • उपापचय और
  • चेतना


Q. 165590 वनस्प

वनस्पति उद्यान और प्राणी उपवन के बीच अंतर बताईये<div class= Right Answer is:

SOLUTION

वनस्पति उद्यानों में शुद्ध और अनुप्रयुक्‍त दोनों प्रकार के अध्ययनों के लिए जीवित पौधों का संग्रह किया जाता है।

प्राणी उपवन वे स्थान हैं, जहाँ प्राणियों का परिरक्षण किया जाता है।इन उपवनों के पर्यावरण में जंतुओं को प्राकृतिक वास स्थानों के समान परिस्थितियाँ उपलब्ध कराई जाती हैं और उनकी देखभाल मनुष्य करते हैं।


Q. 165591 जनन क्या है?
Right Answer is:

SOLUTION

जनन को एक ऐसी जैविक प्रक्रिया के रूप में परिभाषित किया जा सकता है, जिसके अंतर्गत कोई जीव स्वयं के समान शिशुओं को उत्पन्न करता है।

जीवों में जनन की मुख्य रूप से दो विधियाँ होती हैं:

  1. अलैंगिक जनन- इसके अंतर्गत केवल एक जनक का समावेश होता है
  2. लैंगिक जनन- इस विधि में दो जनकों का समावेश होता है।


Q. 165592 वृद्धि क्या है? पौधों में वृद्धि पशु में वृद्धि से किस प्रकार भिन्न है?
Right Answer is:

SOLUTION

वृद्धि सजीवों का एक विशिष्ट अभिलक्षण है। यह जीवों के अन्दर संपन्न होती है। यह सजीवों में घटक कोशिकाओं की संख्या या आकार में अनुत्क्रमणीय वृद्धि को प्रदर्शित करती है।

पौधे अपने पूरे जीवन काल में वृद्धि कर सकते हैं। परन्तु पशु केवल एक निश्चित उम्र तक वृद्धि करते हैं।


Q. 165593 वर्गिकी क्या है? वर्गिकी के अध्यन के लिए किसकी आव्यश्यकता होती है?
Right Answer is:

SOLUTION

जीवों का वर्गीकरण करने के सिद्धांतों का निर्माण वर्गिकी के अंतर्गत किया जाता है। वर्गिकी जीवों की पहचान, वर्गीकरण और नाम पद्धति निर्धारित करने का अध्ययन है।

वर्गिकीय अध्ययन के लिए आवश्यक सूचना:

  • जीव की बाह्य और आंतरिक संरचना
  • जीव को शामिल करते हुए कोशिका की संरचना
  • विकासीय प्रक्रम
  • जीवों की पारिस्थितिक सूचनाएँ


Q. 165594 वाटर गैस क्या होती है ? औद्योगिक स्तर पर इसका निर्माण कैसे किया जाता है?
Right Answer is:

SOLUTION


औद्योगिक स्तर पर कार्बन मोनोऑक्साइड का निर्माण लाल गर्म कोक पर भाप प्रवाहित करके किया जाता है। इस प्रकार CO तथा  Hका प्राप्त मिश्रण वाटर गैस अथवा संश्लेषण गैस कहलाता है।


Q. 165595 ग्रेफाइट की संरचना दीजिए।
Right Answer is:

SOLUTION


षट्कोणीय वलय में प्रत्येक कार्बन परमाणु spसंकरित होता है तथा तीन निकटवर्ती कार्बन परमाणुओं के साथ तीन सिग्मा बंध बनाता है और चौथा इलेक्ट्रॉन (2pz)  विस्थानीकृत होता है।


Q. 165596 मेथेन के कॉपर की उपस्थिति में, उच्च दाब और उच्च ताप पर नियंत्रित ऑक्सीकरण द्वारा प्राप्त होने वाले मुख्य यौगिक का चुनाव करें।


A. मेथेनॉल

B. एथनॉइक अम्ल

C. ऐथेनॉल

D. एथीन

Right Answer is: A

SOLUTION


Q. 165597 हाइड्रोकार्बन जो कक्ष ताप पर तरल रूप में पाया जाता है


A. एथीन

B. एथाइन

C. प्रोपीन

D. हेक्सीन

Right Answer is: D

SOLUTION

एल्काइन और एल्कीन समूह के प्रथम तीन सदस्य गैस हैं, उसके अगले आठ सदस्य द्रव हैं और उच्चतर सदस्य ठोस होते हैं।


Q. 165598 एलपीजी में मुख्यतः होती है:


A. मेथेन

B. मेथेन और एथेन

C. हाइड्रोजन, मेथेन और एथेन

D. ब्यूटेन और आइसोब्यूटेन

Right Answer is: D

SOLUTION

एलपीजी ब्यूटेन और आइसोब्यूटेन का द्रवीकृत मिश्रण है।


Q. 165599 एथेन की सांतरित संरूपण:


A. ग्रस्त संरूपण से अधिक स्थायी होता है।

B. ग्रस्त संरूपण से कम स्थायी होता है।

C. ग्रस्त संरूपण के समान ही स्थायी होता है।

D. अस्तित्व संभव नहीं है।

Right Answer is: A

SOLUTION

एथेन के संरूपणीय समावयव निम्न हैं: सांतरित, ग्रस्त, विषमतलीय सांतरित संरूपण में त्रिविमीय प्रतिकर्षण न्यूनतम होता है, अतः यह अधिक स्थायी होता है।


Q. 165600 वह यौगिक चुनें जिस पर इलेक्ट्रॉनस्नेही सबसे अधिक आसानी से आक्रमण कर सकता है


A. बेंज़ीन

B. क्लोरोबेंज़ीन

C. फीनॉल

D. मेथिलबेंज़ीन

Right Answer is: C

SOLUTION

फीनॉल और टॉलूइन इलेक्ट्रॅान मुक्त करने वाले समूह हैं, हालाँकि फीनॉल में - OH समूह (+R प्रभाव के कारण), टॉलूइन में -CH3 समूह की तुलना में अधिक इलेक्ट्रॅान मुक्त करने वाला समूह है, अतः इलेक्ट्रॉनस्नेही फीनॉल पर आसानी से आक्रमण कर पाता है।


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