A.
न्यूरोफाईब्रिल
B.
बी:न्यूरिलेमा
C.
पेशी तंतुक
D.
सार्कोलेमा
पेशीतंतुक बहुत से संकुचन तंतुओ में से एक है जो एक रेखीयपेशी रेशा बनाती है|
मृत्यु के पश्चात संधि (जोड़ों) की अकड़न और पेशी कठोरता को शव काठिन्य कहते हैं|
A.
क्षीण
B.
अतिवृद्धि
C.
अपविकास
D.
पेशी श्रांति
क्षीणता शरीर अंग या ऊतक, साधारणतया एक पेशी का एक समय अवधि के लिए निष्काम और निष्क्रिय होने के बाद लगातार क्षय होना है |
A.
पर्युपास्थि
B.
अन्तस्थिर्कला
C.
उपास्थि कोशिका
D.
परि-अस्थिका
परि-अस्थिका रेशीय झिल्ली होती है, जो लम्बी अस्थि की संधि को छोड़कर बाकी सभी अस्थियों की बाहरी सतह पर फैली होती है|
A.
स्टेपीज
B.
स्टेपीडिअस
C.
सार्टोरिअस
D.
मेरुदंडीय मांसपेशी
स्टेपीडिअस मनुष्य के शरीर में सबसे छोटी कंकालीय मांसपेशी होती है, यह पिरामिड प्रतिष्ठा के शीर्ष में एक उच्च रंध्र से उभरती है (टिमपैनिक गुहा की पश्चभित्ति में एक खोखला, शंकु के आकार का उभार है) और स्टेपीज की ग्रीवा में प्रवेश करती है।
A.
उपास्थिशोषक
B.
उपास्थिकोरक
C.
अस्थिकोरक
D.
अस्थिशोषक
अस्थिशोषक वे कोशिकाएँ होती हैं, जो अस्थि को कमजोर करके तोड़ देती हैं| ये अस्थि पुनःशोषण के लिए उत्तरदायी होती हैं| अस्थिशोषक कोशिकाएँ अस्थि ऊतक की मात्रा को नियंत्रित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं|
एककोशिकीय जीव जैसे; अमीबा में जीवद्रव्य का प्रवाही संचलन, संचलन का सबसे सरल रूप है|
मानव खोपड़ी में 8 कपालीय और 14 आननी अस्थियाँ होती हैं।
संधि (जोड़) दो या दो से अधिक अस्थियों या अस्थि और उपास्थि के बीच संधिस्थल हैं।
|
एक्टिन |
मायोसीन |
|
यह पेशीतंतु (मायोफिलामेंट) का पतला तंतु बनाता है| |
यह पेशीतंतु (मायोफिलामेंट) का मोटा तंतु बनाता है| |
|
यह हल्के बैंड और समदैशिक बैंड बनाता है |
यह गहरे बैंड और विषमदैशिक बैंड बनाता है| |
मनुष्य में कशेरुक दंड, कशेरुक के प्रकार के आधार पर निम्नलिखित क्षेत्रो में विभेदित होता है:
मानव पाद में उपस्थित अस्थियाँ हैं :
(1) फीमर (1) (ऊरू अस्थि– सबसे लम्बी अस्थि)
(2) टिबिआ(1)
(3) फिबुला(1)
(4) टारसल (टखनों की अस्थियाँ– संख्या में- 7)
(5) मेटाटारसल (संख्या में- 5)
(6) फैलेंजेज (संख्या में- 14)
संधियों (जोड़ों) को मुख्यतः तीन संरचनात्मक रूपों में वर्गीकृत किया गया है, जैसे –रेशीय, उपास्थियुक्त और साइनोवियल (स्राव)|
रेशीय संधि (जोड़) में, संधियुक्त अस्थियाँ श्वेत रेशीय संयोजी ऊतक की सहायता से संयोजित होती हैं और ये जोड़ किसी प्रकार की गति नहीं होने देते| उदाहरण, कपाल और दन्त कक्ष अस्थि के बीच की संधि(जोड़)|
उपास्थि युक्त संधियों (जोड़ों) में, अस्थियाँ आपस में उपास्थियों द्वारा जुडी होती हैं| ये जोड़ बहुत कम गति होने देते है| इस प्रकार की सन्धि (जोड़) पसलियों और उरास्थि के बीच होते हैं|
साइनोवियल संधि वह संधि है जो सन्धियुक्त अस्थियों को एक दुसरे के ऊपर गति करने देती है| इन सन्धियुक्त अस्थियों के बीच में तरल से भरी एक साइनोवियल गुहा उपस्थित होती है| ये जोड़ चलन सहित कई तरह की गति में सहायता करते हैं| उदाहरण, फीमर और एसिटैबुलम के बीच की संधि (जोड़)|
A. [-3, 3]
B. [0, 3]
C. [-1, 1]
D. [-3, 0]
A. 12.56 सेमी
B. 6.28 सेमी
C. 3.75 सेमी
D. 3.14 सेमी
चूँकि 60 मिनट में,घड़ी की मिनट की सुईं एक घूर्णन पूरा करती है, इसलिए 15 मिनट में मिनट की सुईं (360/60)×15 = 90o या
π /2 रेडियन से होते हुए मुड़ती है।
अतः अभीष्ट दूरी है:
l = r θ
= 4 π /2 सेमी
= 6.28 सेमी
A. 3960°
B. 2520°
C. 1260°
D. (121/315)°
1 रेडियन = 180°/π
22 रेडियन = (180/π) ×22 डिग्री
= 180×7 डिग्री ( π = 22/7)
= 1260°
A. 2 π
B. π
C. π /2
D. π /4
यदि t न्यूनतम धनात्मक वास्तविक संख्या (smallest positive real number) इस प्रकार से है कि सभी x के लिए f(x + t) = f(x), तो t को f (x) की अवधि कहा जाता है। हम जानते हैं कि sin x अवधि 2π के साथ आवधिक (periodic) है। अतः, sin2x अवधि 2π/2 = π के साथ आवधिक है।
A. tan(x/2)
B. cot(x/2)
C. sec(x/2)
D. cos(x/2)
A. लगभग 56°16’
B. लगभग 57°16’
C. लगभग 112°16’
D. 180°
A. रेडियन = 45°
B. रेडियन = 90°
C. रेडियन = 360°
D. रेडियन = 180°
क्योंकि वृत्त केंद्र पर 2 रेडियन या 360° माप का एक कोण अंतरित करता है, अतः 2 रेडियन = 360° या रेडियन = 180°
A. (-1, 3)
B. [0, 1]
C. [-1, 3)
D. [-1, 1]
A.
B.
C.
D. [- 1, 1]
A. 4 रेडियन
B. 2 रेडियन
C. 1 रेडियन
D. 0 रेडियन
यदि वृत्त की त्रिज्या के बराबर लंबाई । के एक चाप द्वारा वृत्त के केंद्र पर अंतरित कोण θ रेडियन है, तो θ = ।/r. यदि । = r, तो θ = 1 रेडियन
A. पहले और दूसरे चतुर्थांश (quadrants)
B. दूसरे और तीसरे चतुर्थांश
C. तीसरे और चौथे चतुर्थांश
D. पहले और चौथे चतुर्थांश
पहले और चौथे चतुर्थांश में, OP और ON दोनों धनात्मक हैं, इसलिए cos θ पहले और चौथे चतुर्थांश में धनात्मक है।
A.
B.
C.
D. [1, - 1]
क्योंकि sin x का प्रांत सभी
A. लगभग 0.03492 रेडियन
B. लगभग 0.03482 रेडियन
C. 180 रेडियन
D. 360 रेडियन


माना कि समाचारपत्र H पढ़ने वाले व्यक्तियों का समुच्चय H है।
समाचारपत्र I पढ़ने वाले व्यक्तियों का समुच्चय I है।
समाचारपत्र T पढ़ने वाले व्यक्तियों का समुच्चय T है।


A. {a, b, c}
B. {a, 2, b, 5, c, 7}
C. {2, 5, 7}
D. {a, 2, 5, 7}
A.
B.
C.
D.
A. {2}.
B.
C. R-{-2}.
D. R-{2}.
A. {(-8,8), (-2,2)}.
B. {(-2,8), (2,8)}.
C. {(-2,-8), (2,8)}.
D. {(-8,-2), (8,2)}.
A. -4/5
B. 1/5
C. 1
D. 5
A. = 112
B. = 32
C. = 24
D. = 7
A.
B.
C.
D.
A.
B.
C.
D.
A.
B.
C.
D.
A.
B.
C.
D.
A.
B.
C.
D.
A. {(2, 6), (2, 5), (3, 10), (3, 6), (5, 10)},
D = {2, 4, 5} और परिसर = {3, 6, 5}.
B. {(2, 3), (2, 10), (3, 3), (3, 6), (5, 10)},
D = {2, 3, 4} और परिसर = {7, 6, 10}.
C. {(2, 6), (2, 10), (3, 3), (3, 6), (5, 10)},
D = {2, 3, 5} और परिसर = {3, 6, 10}.
D. {(2, 3), (2, 10), (3, 5), (3, 6), (5, 10)},
D = {2, 3, 7} और परिसर = {7, 6, 5}.
A. {6, 4, 2}
B. {1, 2, 3}
C. {1, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8}
D. {2, 4, 8}
समीकरण a + 2b = 8 में b = 1, 2, 3 प्रतिस्थापित कीजिए और a के मान ज्ञात कीजिए:
b=1 ⇒ a=6
b=2 ⇒ a=4
b=3 ⇒ a=2
यदि b ≥ 4, a प्राकृत संख्या नहीं है।
हम प्राप्त करते हैं कि R={ (6, 1), (4, 2), (2, 3)}
अतः प्रांत = {6, 4, 2}
A. a= 1, b= 1.
B. a = 2, b = – 1.
C. a= 1, b= – 2.
D. a= – 2, b= – 1
(1, 1), g(x) = ax + b को संतुष्ट करता है, अतः a+ b= 1 ..(i) (2, 3), g(x) = ax + b को संतुष्ट करता है, अतः 2a + b= 3 ..(ii) दोनों समीकरणों को हल करने पर, हम प्राप्त करते हैं a = 2 और b = – 1. हम यह जाँच कर सकते हैं कि अन्य क्रमित युग्म (ordered pairs) g(x) = 2x – 1 को संतुष्ट करते हैं।
A. R = {(1, 1), (2, 1), (2, 3), (3, 1), (4, 1), (5,1), (5,4) , (5,5)}
B. R = {(2, 2), (3, 2), (4, 2), (2, 4), (3,2), (3,3), (3,4), (4,1), (4,2), (4,6), (5,1), (5,2), (5,5) , (5,6)}
C. R = {(1,1), (1,2), (1,3), (1,4), (2,1), (2,2), (2,3), (3, 3), (4, 3), (5, 4), (3, 4), (5, 3)}
D. R = {(1,1), (1,2), (1,3), (1,4), (2,1), (2,2), (2,3), (2,4), (3,1), (3,2), (3,3), (3,4), (4,1), (4,2), (4,3), (4,4), (4,5), (5,4), (5,5)}
संबंध R = {(1,1), (1,2), (1,3), (1,4), (2,1), (2,2), (2,3), (2,4),
(3,1), (3,2), (3,3), (3,4), (4,1), (4,2), (4,3), (4,4), (4,5), (5,4), (5,5)}
क्योंकि ये दिए गए प्रतिबंध को संतुष्ट करते हैं।
A.
B.
C.
D.
कोशिकाएँ मुख्यतः निम्नलिखित तीन प्रकार की गतियां दर्शाती हैं:
1. अमीबीय गति : हमारे शरीर की कुछ विशिष्ट कोशिकाएँ जैसे महाभक्षकाणु और श्वेताणु रुधिर में अमीबीय गति प्रदर्शित करती है| यह क्रिया जीवद्रव्य की प्रवाही गति द्वारा कूकूट पाद् बनाकर की जाती है (अमीबा सदृश)| कोशिका कंकाल तंत्र जैसे सूक्ष्म तंतु भी अमीबीय गति में सहयोगी होते है|
2. पक्ष्माभ गति : हमारे अधिकांश नलिकाकार अंगो में, (जो पक्ष्माभ उपभित्ति से आस्तारित होते है,) पक्ष्माभ गति होती है| श्वास नली में पक्ष्माभों की समन्वित गति से वायुमंडलीय वायु के साथ प्रवेश करने वाले धूल कणों एवं बाह्य पदार्थो को हटाने में मदद मिलती है| मादा प्रजनन मार्ग में डिम्ब का परिवहन पक्ष्माभ गति की सहायता से ही होता है|
3. पेशीय गति: हमारे पादों, जबड़ों, जिव्हा, आदि की गति के लिए पेशीय गति आवश्यक है| पेशियों के संकुचन के गुण का प्रभावी उपयोग मनुष्य और अधिकांश बहुकोशिकीय जीवों के चलन और अन्य प्रकार की गतियों में होता है|
|
ऐच्छिक गति |
प्रेरित गति |
|
जीवित प्राणियों की गति स्वतंत्र गति होती है| |
निर्जीव वस्तुओं की गति प्रेरित गति होती है| |
|
ये बिना किसी बाहरी प्रभाव के स्वयं से प्रभावित होती है| |
ये बाहरी बल द्वारा होती है| |
|
उदाहरण : प्रोटोप्लाज्म की गति |
उदाहरण: दरवाजे को धकेलना |
|
पेशीय गति |
अपेशीय गति |
|
यह गति पेशीय रेशो में मायोफिलामेंट्स के एक दूसरे पर सरकने से होती है| |
इसमें जीवद्रव्य की प्रवाही गति, पक्ष्माभी गति, प्रोटोजोआ की कशाभी और पक्ष्माभी गति शामिल हैं| |
|
यह गति अधिकांश पशुओं में पायी जाती है| |
यह गति कुछ पशु कोशिकाओं में पायी जाती है| |
|
उदाहरण: पादों की गति |
उदाहरण: मनुष्य के शुक्राणुओं की कशाभी गति |
दो अनक्रमित Z- रेखाओं के बीच स्थित पेशी रेशक के भाग को सार्कोमियर कहते हैं| इसके केंद्र में गहरे बैंड (A बैंड) और दोनों तरफ हल्के बैंड (I बैंड) होते हैं| प्रत्येक I- बैंड के केंद्र में एक लचीला रेशा जिसे ‘Z’ रेखा कहते हैं इसे द्विविभाजित करती है| पतले तंतु ‘Z’-रेखा से दृढ़ता से जुड़े होते हैं| ‘A’ बैंड के मोटे तंतु भी ‘A’ बैंड के मध्य एक पतली रेशेदार झिल्ली, जिसे ‘M’ रेखा कहते हैं, द्वारा जुड़े होते हैं| पेशी रेशों की पूरी लम्बाई में A और I बैंड एकांतर क्रम में व्यवस्थित होते है|
A. साइनिन
B. रोडोप्सिन
C. मेलानीन
D. स्क्लिरोटिन
शलाकाओं में उपस्थित बैंगनी रंग के प्रोटीन को रोडोप्सिन या बैंगनी दृष्टि कहते हैं जिसका कार्य तिमिरानुकूलित (स्कोटोपिक) होता है|
A. मध्यवर्ती तंत्रिकाएँ
B. संचारण तंत्रिकाएँ
C. प्रसारण तंत्रिकाएँ
D. संयोजक तंत्रिकाएँ
प्रसारण तंत्रिकाओं को अंतः तंत्रिकाएँ भी कहते है, जो मस्तिष्क और मेरुदंड का निर्माण करती हैं और सन्देश को संवेदी तंत्रिकाओ से प्रेरक तंत्रिकाओं तक पहुंचाती हैं|
A. रक्त प्रवाह
B. उत्पत्ति
C. विकास
D. संरचना
अधिवृक्क ग्रंथि के मध्यांश की उत्पत्ति अनुकम्पीय तंत्रिका के पश्च गैंगलिओनि तंत्रीय तंतुओं के समान ही भ्रूणीय तंत्रिकीय शिखा से होती है|
A. 100मीटर/सेकंड
B. 110 मीटर/सेकंड
C. 120 मीटर/सेकंड
D. 130 मीटर/सेकंड
आच्छदी तंत्रिका तंतुओं में आवेग का संचरण तीव्र गति से होता है क्योंकि जहां माइलीन आवरण अनुपस्थित होता है वहां सक्रीय विभव रेनवियर के एक नोड से दूसरे नोड पर प्रवाहित होता है| इस तरह का संचरण वल्गी (सालटेटरी) संचरण कहलाता है और 120 मी./सै. की उच्च गति से होता है |
सिनेप्टिक दरार तंत्रिकाक्ष (एक्सोन) सिरा और लक्ष्य कोशिका के बीच अन्तराल होता है| विद्युत् सिनेप्टिक में यह दुरी 0.2nm और रासायनिक सिनेप्टिक में 20nm होती है|
A. एरेक्नॉइड स्थल और प्रकृति में अम्लीय
B. सबएरेक्नॉइड स्थल और प्रकृति में अम्लीय
C. एरेक्नॉइड स्थल और प्रकृति में क्षारीय
D. सबएरेक्नॉइड स्थल और प्रकृति में क्षारीय
प्रमस्तिष्क मेरु द्रव्य या सी.एस.एफ एरेक्नॉइड और पायामीटर के बीच उपस्थित होता है| यह लसीका के समान जलीय, 1.005 के विशिष्ट गुरुत्वाकर्षण वाला क्षारीय द्रव्य होता है|
प्रमस्तिष्क वल्कुट की सतह उच्च विलगित होती है जिस कारण निर्मित उभार को गायरी और खाँच को सल्साई कहते हैं| ये वल्कुट के पृष्ठीय क्षेत्र में वृद्धि करते हैं|
B. ललाट पालि C. पैराइटल पाली D. टेम्पोरल पालि कायिक संवेदी क्षेत्र केन्द्रीय सल्कस के पीछे पैराइटल पाली में होता है| यह क्षेत्र सामान्य संवेदनाओं जैसे- दर्द स्पर्श और तापमान को नियंत्रित करता है|
B. मोनरो के रंध्र द्वारा C. लुस्चका के रंध्र द्वारा D. मेगेंडाई के रंध्र द्वारा तृतीय वेंट्रिकल या डायोसील पार्श्व वेंट्रिकल या पैरासील से मोनरो के रंध्र द्वारा जुड़ा होता है| लुस्चका का रंध्र तथा मेगेंडाई का रंध्र चौथे वेंट्रिकल के रंध्र होते हैं| मेगेंडाई का रंध्र ऑक्सीपीटल अस्थि में स्थित होता है, जिसके माध्यम से मेड्युला ऑब्लांगेटा अन्य संरचनाओं के साथ जुड़ा होता है।
B. रक्त के द्वारा C. अध्श्चेतक के द्वारा D. जल के द्वारा अधश्चेतक खाने-पीने के व्यवहार, संचरण लय और शरीर के तापमान को नियंत्रित करता है|
B. तंत्रिकाक्ष से निकलने वाले Na+ आयन की तुलना में K+ आयन के अधिक आगमन से C. तंत्रिकाक्ष से निकलने वाले K+ आयन की तुलना में Na+ आयन के अधिक आगमन से D. तंत्रिकाक्ष में सभी Na+ के आगमन से जब किसी एक स्थल पर ध्रुवीत झिल्ली पर उद्दीपन कार्यान्वित किया जाता है, तो झिल्ली Na+ के लिए पारगम्य हो जाती है जिससे Na+ का प्रवाह तीव्र होता है और एक सतह पर विपरीत ध्रुवीयता उत्पन्न हो जाती है अर्थात् झिल्ली की बाहरी सतह ऋणात्मक आवेशित और आंतरिक सतह धनात्मक आवेशित हो जाती है। इस स्थल पर झिल्ली की विपरीत ध्रुवीयता के कारण विध्रुविकरण हो जाता है।
B. श्लेष्म C. लैक्रिमल D. धूसर द्रव मस्तिष्क तीन मेनिंजेज से घिरा होता है जिसमें बाहरी परत ड्यूरा मैटर, बहुत पतली मध्य परत एरेक्नॉइड और एक आंतरिक परत पाया मैटर होती है|
B. प्रतिवृति क्रिया C. संवेदिक अभिग्रहण D. तंत्रीय संचरण एक परिधीय तंत्रिका उत्तेजना के प्रति अनैच्छिक प्रतिक्रिया की सम्पूर्ण प्रक्रिया प्रतिवृति क्रिया कहलाती है।
B. तारककाय (सेंट्रोसोम) C. गॉल्जिकाय अंगक D. माइटोकॉन्ड्रिया तंत्रिका कोशिकाएँ विभाजित नहीं होतीं क्योंकि उनमें तारककाय (सेंट्रोसोम) अनुपस्थित होता है| कोशिका विभाजन के दौरान तारककाय (सेंट्रोसोम) महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है|
रेटिना (दृष्टि पटल) नेत्र की आतंरिक परत है और इसमें कोशिकाओं की तीन परतें होती हैं- अन्दर से बाहर की ओर– गुच्छिका कोशिकाएँ,द्विध्रुवीय कोशिकाएँ और प्रकाश ग्राही कोशिकाएँ|
सक्रिय विभव का अविलम्ब अनुकरण, न्यूरोन की पुनः प्राप्ति की प्रक्रिया से गुजरता है जहाँ Na+ कपाट ना खुलने से तंत्रीय आवेगों का संचरण नहीं होता, K+ कपाट धीरे से बंद होता है, Na/K पम्प Na+ को वापिस बाहर और K+ को अंदर की ओर भेजता है जिससे झिल्ली विभव पुनः -70 एम.वी हो जाता है|
जैसे ही झिल्ली देहली उद्दीपन तक पहुंचती है तंत्रिकाक्ष के साथ Na+ कपाट तंत्रिकाक्ष द्रव्य में Na+ आयनों को पंप करने के लिए खुलता है जो झिल्ली विभव को -70 एम.वी से +40 एम.वी कर देता है।
B. क्रिकेट पसंद करते हैं, लेकिन टेनिस नहीं C. टेनिस और क्रिकेट दोनों को पसंद करते हैं D. टेनिस और क्रिकेट दोनों को पसंद नहीं करते हैं छायांकित भाग दोनों समुच्चयों के सर्वनिष्ठ (Intersection) को अर्थात, टेनिस और क्रिकेट दोनों को पसंद करने वाले विद्यार्थियों के समुच्चय को निरुपित करता है।
B. {1, 2, 3, 4} C. {2, 3, 4, 5} D. {1, 2, 3, 4, 5} x एक संख्या है, जिसका वर्ग 25 से कम है।
5 का वर्ग 25 है। अतः समुच्चय में 5 से कम प्राकृत संख्याएँ (natural numbers) हैं।
B. {x: x ∈ Q, 6 < x ≤ 7} C. {x: x ∈ Q, 6 ≤ x < 7} D. {x: x ∈ Q, 6 < x < 7} दिए गए समुच्चय में 6 और 7 के बीच की परिमेय संख्याएँ हैं, अतः 6 और 7 सम्मिलित नहीं हैं।
इसलिए, (d) सही विकल्प है।
B. A' ∩ (B ∪ C) C. A ∪ (B ∩ C) D. A' ∪ (B ∩ C) B. 7 C. 12 D. 20 B. {2, 4} C. {2, 14} D. {2, 4, 14} 2 एकमात्र सम अभाज्य संख्या है, अतः {2} अभीष्ट उत्तर है।
B. B, A का एक उपसमुच्चय है। C. A और B का सर्वनिष्ठ (Intersection) अरिक्त समुच्चय (non-empty set) है। D. B का पूरक और A असंयुक्त नहीं (non-disjoint) हैं। यहाँ A, B और X को निम्न प्रकार से निरुपित किया जा सकता है: B. A – (B ∩ C) = {1, 2, 4} C. A – (B ∩ C) = {2, 3} D. A – (B ∩ C) = {1, 2} B ∩ C = {3, 6}, A - (B ∩ C) = {1, 2, 4}
B. B C. Φ D. A ∩ B' B. {x : x > 0 या x < 0} C. {x : x2 = 4 या x = 3} D. {x : x2 + 1 = 0, x ∈ R} x2 + 1 = 0 का कोई हल R में नहीं है।
B. 24 < n(A ∪ B ∪ C) ≤ 26 C. 24 < n(A ∪ B ∪ C) < 28 D. 24 ≤ n(A ∪ B ∪ C) ≤ 28
B. 1 और 3 C. 2 और 3 D. 1, 2 और 3 माना कि P और C वे परिवार हैं, जिनमें क्रमशः एक फोन और एक कार है। B. B और C C. C और A D. A, B और C A और B दोनों में समान संख्या के अवयव (elements) हैं, जो सब समान नहीं हैं। इसलिए A और B समतुल्य समुच्चय (equivalent sets) हैं।
ध्यान दीजिए दिए गए समुच्चय में सभी अवयव 3 के गुणज है। अतः A = {3x : x ∈ N} A = {1, 2, 3, 4} और B = {3, 4, 5, 6} a) दो समुच्चयों A और B का सम्मिलन, वह समुच्चय होता है, जिसमें समुच्चय A और B के सभी अवयव सम्मिलित होते हैं और उनके उभयनिष्ठ अवयव केवल एक बार लिए जाते हैं। अतः A U B = {1, 2, 3, 4, 5, 6} b) दो समुच्चयों A और B का सर्वनिष्ठ दोनों समुच्चयों के उभयनिष्ठ अवयवों का समुच्चय है। अतः A ∩ B = {3, 4} a) A = {x: x = y2, y एक प्राकृत संख्या है, जो 10 से कम या इसके बराबर है} अथवा A = {x: x = y2, y ∈ N और 1 ≤ y ≤ 10 b) {M,A,T,H,E,I,C,S} B. C. D.
B. अभाज्य संख्या (Prime Number) C. भिन्नात्मक संख्या (Fractional Number) D. सम अभाज्य संख्या
B. P(3) C. P(4) D. P(5) P(4) कथन है: “42 + 4, 3 द्वारा विभाज्य है” अर्थात, “20, 3 द्वारा विभाज्य है।”
लेकिन, यह कथन सही नहीं है। अतः, कथन P(4) गलत है।
B. 6 C. 7 D. 8
A. वल्कुट के पृष्ठीय क्षेत्र मेंSOLUTION
A. ऑक्सीपीटल पालिSOLUTION
A. महारंध्र द्वाराSOLUTION
A. प्रमस्तिष्क मध्यांश के द्वाराSOLUTION
A. K+ आयन के उत्सर्जन द्वारा SOLUTION
A. ड्यूरा मैटरSOLUTION
A. सक्रिय विभवSOLUTION
A. केन्द्रकSOLUTION
A. लैंस मेंSOLUTION
A. Na+ कपाट नहीं खुल सकताSOLUTION
Right Answer is: B
SOLUTION
A. टेनिस पसंद करते हैं, लेकिन क्रिकेट नहींSOLUTION
A. {2, 3, 4}SOLUTION
A. {x: x ∈ Q, 6 ≤ x ≤ 7}SOLUTION
और सर्वनिष्ठ (Intersection) के संबंध में, समुच्चय A, B और C के द्वारा छायांकित भाग को निम्न प्रकार से व्यक्त किया जा सकता है:
A. A ∩ (B ∪ C)SOLUTION
A. 6SOLUTION
A. {2}SOLUTION
A. A, B के पूरक (complement) का एक उपसमुच्चय नहीं है।SOLUTION
अतः A और B असंयुक्त समुच्चय हैं।
साथ ही, B का पूरक और A असंयुक्त नहीं (non-disjoint) हैं।
A. A – (B ∩ C) = {1, 3, 4}SOLUTION
A. ASOLUTION
A. {0}SOLUTION
A. 24 < n(A ∪ B ∪ C) < 26SOLUTION
(1) 10% परिवारों में एक कार और एक फोन दोनों हैं।
(2) 35% परिवारों में या तो एक कार है या एक फोन है।
(3) नगर में 40,000 परिवार रहते हैं।
A. 1 और 2SOLUTION

माना कि कुल परिवारों की संख्या x है।
a +b + c + d = x
a + c =0.25x, b + c =0.15x
d =0.65x, c =2000
जोड़ने पर हम प्राप्त करते हैं,
a +b + 2c + d = 1.05x
x + c = 1.05x
0.05x = c = 2000
x = 40,000
अतः a =8000, b=4000 और d=26000
c = 2000
⇒ 5% परिवारों में एक कार और एक फोन दोनों हैं।
(II) B = {a, b, c, 10, 9}
(III) C ={9, 3, 6, 4, 2, 1}
उपर्युक्त आँकड़े में, समतुल्य समुच्चय (equivalent sets) हैं:
A. A और BSOLUTION
SOLUTION

SOLUTION
a) A U B
b) A ∩ B
SOLUTION
b) समुच्चय E = {x: x शब्द 'MATHEMATICS' का एक अक्षर है} लिखिए।
SOLUTION
SOLUTION

SOLUTION

SOLUTION

SOLUTION
SOLUTION
SOLUTION
A. SOLUTION
A. सम संख्याSOLUTION
A. P(2)SOLUTION
A. 5